गाजियाबाद: बीते 14 नवंबर से दिल्ली के प्रगति मैदान में शुरू हुए 41वें अंतरराष्ट्रीय व्यापार मेले (ट्रेड फेयर) में इस बार यूपी पवेलियन की धूम दिखाई दे रही है। प्रदेश सरकार का 'वोकल फॉर लोकल' का नारा इंटरनेशनल ट्रेड फेयर में पहुंचकर 'लोकल टू ग्लोबल' हो गया। साथ ही यहां 'वन डिस्ट्रिक-वन प्रोडक्ट' की ब्रांडिंग भी हो रही है। अनेक राज्यों से आए लोग इन प्रोडक्ट्स को खरीदने में दिलचस्पी भी दिखा रहे हैं।
यूपी पवेलियन का स्वागत द्वार किसी मंदिर में प्रवेश करने जैसा अहसास दे रहा है। इसमें एकदम श्रीराम मंदिर की झलक नजर आती है। आपको गेट के अंदर घुसते ही सबसे पहले भगवान श्रीराम के मंदिर का मॉडल नजर आएगा। मंदिर के ऊपर आसमान में उड़ते हवाई जहाज और एयरपोर्ट के इर्द-गिर्द खड़ी गगनचुंबी इमारतें दिखेंगी, जो कहती हैं अयोध्या की तस्वीर बदलने वाली है। इसके बाद पीलीभीत की पांच फीट लंबी बांसुरी, एटा का एक क्विंटल से ज्यादा वजनी घंटा और अलीगढ़ का लगभग दो फुटा ताला सबसे आकर्षण का केंद्र बने हुए हैं।
भारतीय रेलवे का स्टॉल अयोध्या के लिए समर्पित
वहीं, नोएडा अथॉरिटी ने अपना स्टॉल गौतमबुद्धनगर जिले के एंट्री गेट की तरह हूबहू सजवाया है, जैसा चिल्ला बॉर्डर पर दिखाई देता है। मेले में कन्नौज की इत्र खुशबू, मेरठ के क्रिकेट गुड्स, बागपत के स्टोन, खुर्जा की क्रॉकरी, आजमगढ़ की ब्लैक पॉटरी, भदोही और मीर्जापुर की कारपेट, कानपुर की लेदर और वाराणसी के सिल्क वाले स्टॉल पर भी खूब भीड़भाड़ उमड़ती है। इन जगहों पर यूपी टूरिज्म ने लिखा है- 'यूपी नहीं देखा तो इंडिया नहीं देखा।' उधर, इस बार भारतीय रेलवे ने भी अपना स्टॉल अयोध्या के लिए समर्पित कर दिया है और पूरे स्टॉल पर अयोध्या के भगवान श्रीराम के मंदिर मॉडल की धूम दिखाई पड़ती है।